Sunday, October 7, 2018

प्रासंगिक : पुलिस वाले भी होते हैं राज्य कर्मचारी, बहुत दूर तक चलती है चढ़ावे की ट्रेन

गरज यह कि रोजमर्रा के कामों में जिस पुलिस से हमारा वास्ता पड़ता है और जिसकी छवि नकारात्मक है, वह यही अराजपत्रित संवर्ग है। वसूली करती है तो यह मान लिया जाता है कि इसने अपने लिए की।

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